SIR नोटिस पर ओवैसी की अपील, “जवाब ज़रूर दें, वोटिंग राइट ही नहीं नागरिकता भी ख़तरे में पड़ सकती है”

हैदराबाद: AIMIM प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने SIR (Special Intensive Revision) को लेकर लोगों से मिले नोटिस का जवाब देने की अपील की है। ओवैसी ने कहा कि नोटिस को नज़रअंदाज़ करना भारी पड़ सकता है।
उन्होंने आशंका जताई कि अगर भविष्य में NRC लागू होता है, तो SIR के दौरान तैयार होने वाली मतदाता सूची से जुड़े रिकॉर्ड को आधार बनाया जा सकता है। ऐसे में उन्होंने लोगों से दस्तावेज़ों और नोटिस को गंभीरता से लेने की सलाह दी।
ओवैसी ने कहा कि मामला केवल वोट देने के अधिकार तक सीमित नहीं रह सकता, बल्कि आगे चलकर नागरिकता पर भी असर पड़ने की आशंका है।
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